महाराष्ट्र। शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयान को आधार बनाकर केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, एस. जयशंकर और देवेंद्र फडणवीस को चुनौती देते हुए कहा कि उन्हें ट्रंप की टिप्पणियों पर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

"देश को नरक में धकेलने" के आरोप पर पलटवार

संजय राउत ने कहा कि यदि भाजपा सरकार के कार्यकाल में देश की स्थिति खराब हुई है, तो इसके लिए सीधे तौर पर प्रधानमंत्री जिम्मेदार हैं। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि उनके "मित्र" डोनाल्ड ट्रंप ने कड़वा सच सबके सामने रख दिया है। राउत ने मांग की कि पीएम मोदी को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर यह घोषणा करनी चाहिए कि भारत "नरक" नहीं बल्कि "स्वर्ग" है।

उद्धव ठाकरे के विधान परिषद जाने पर चर्चा

महाविकास आघाड़ी (MVA) की अंदरूनी राजनीति पर बात करते हुए राउत ने कहा:

  • नेतृत्व की मांग: सुप्रिया सुले और विजय वड्डेटीवार सहित एमवीए के कई नेता चाहते हैं कि उद्धव ठाकरे विधान परिषद में गठबंधन का नेतृत्व करें।

  • मनाने की कोशिश: राउत ने बताया कि फिलहाल उद्धव ठाकरे को इसके लिए मनाने के प्रयास जारी हैं, हालांकि अंतिम फैसला उन्हीं का होगा।

  • रणनीति: हर्षवर्धन सकपाल की मातोश्री यात्रा के दौरान आगामी लोकसभा और अन्य चुनावों की रणनीति पर भी विस्तार से चर्चा हुई है।

मराठी भाषा और रिक्शा विवाद

ऑटो रिक्शा में मराठी भाषा को अनिवार्य करने के मुद्दे पर राउत ने एकनाथ शिंदे गुट को घेरा। उन्होंने कहा:

  • जो लोग महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में रहकर मराठी का विरोध कर रहे हैं, वे राज्य के हितैषी नहीं हो सकते।

  • उन्होंने स्पष्ट किया कि परिवहन क्षेत्र में मराठी भाषा को प्राथमिकता देना महाराष्ट्र के स्वाभिमान से जुड़ा विषय है।

'नारी शक्ति वंदन' को बताया दिखावा

केंद्र की महिला सशक्तिकरण की योजनाओं पर सवाल उठाते हुए राउत ने इसे केवल 'इवेंट' करार दिया। उन्होंने चुनौती दी कि यदि सरकार वास्तव में गंभीर है, तो महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद पर पंकजा मुंडे जैसी किसी महिला को बैठाए या देश के प्रधानमंत्री पद की कमान किसी महिला को सौंपे, तभी सही अर्थों में नारी शक्ति का सम्मान होगा।