प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे भोजराज नाग, कई वाहनों की जांच
महानदी में अवैध रेत खनन पर सांसद भोजराज नाग का छापा; 18 चैन माउंटेन मशीनें और 20 हाइवा जब्त, तहसीलदार को फटकार
छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में महानदी की कोख उजाड़ रहे रेत माफियाओं पर क्षेत्रीय सांसद भोजराज नाग ने कड़ा शिकंजा कसा है। नदी में बड़े पैमाने पर चल रहे अवैध रेत उत्खनन की लगातार मिल रही शिकायतों के बाद सांसद ने अपने समर्थकों और दलबल के साथ मौके पर औचक दबिश दी। इस बड़ी कार्रवाई के दौरान मौके से 18 चैन माउंटेन (पोकलेन) मशीनें और 20 से अधिक रेत से लदे हाइवा वाहनों को पकड़ा गया, जिससे रेत तस्करों में हड़कंप मच गया है।
प्रशासनिक अधिकारियों की लापरवाही पर बरसे सांसद
क्षेत्र में धड़ल्ले से चल रहे इस अवैध कारोबार को लेकर सांसद भोजराज नाग का गुस्सा स्थानीय प्रशासन और खनिज विभाग पर भी फूटा। उन्होंने मौके पर मौजूद चारामा तहसीलदार सत्येन्द्र शुक्ला को कड़ी फटकार लगाते हुए पूछा कि अधिकारियों की नाक के नीचे इतना बड़ा अवैध उत्खनन कैसे संचालित हो रहा था। सांसद ने चेतावनी दी कि प्राकृतिक संपदा की इस तरह लूट बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कलेक्टर की सख्ती के बाद भी बेखौफ थे माफिया
गौरतलब है कि इस छापेमारी से पहले ही कांकेर कलेक्टर निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने 4 मई सोमवार को समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए थे। कलेक्ट्रेट से जारी आदेश में साफ कहा गया था कि जिले में रेत के अवैध खनन और परिवहन पर पूरी तरह रोक लगाई जाए और दोषियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई हो। इसके बावजूद माफिया बेखौफ होकर नदी का सीना छलनी कर रहे थे।
खनिज विभाग की पिछली कार्रवाई का ब्यौरा
चारामा तहसील के अंतर्गत आने वाली रेत खदानों पर पूर्व में भी कार्रवाई की जा चुकी है। बीते 5 अप्रैल को खनिज विभाग की टीम ने शिकायतों के आधार पर माहुद, भिलाई, तेलगुड़ा, भिरौद और करिहा क्षेत्र की खदानों में तफ्तीश की थी। उस दौरान विभाग ने भिलाई से दो, तेलगुड़ा से दो और भिरौद से एक चैन माउंटेन मशीन जब्त की थी। साथ ही करिहा खदान के पास से बिना ई-पास और ओवरलोड परिवहन कर रहे दो हाइवा ट्रकों को भी पकड़ा गया था। हालांकि, इन छिटपुट कार्रवाइयों का माफियाओं पर कोई असर नहीं हुआ, जिसके बाद खुद सांसद को मैदान में उतरना पड़ा।
